आखिरी चरण के मतदान से एक दिन पहले का जिक्र करते हुए मायावती ने कहा की मैंने आखिरी चरण के मतदान से पहले एक प्रेस कांफ्रेंस की थी. जिसमे एक पत्रकार ने मुझसे कहा था की ईवीएम् में बटन कोई भी दबाये वोट तो बीजेपी को ही जा रहा है ऐसे में आप क्या करेगी? तब मैंने उस बात पर यकीन नही किया था और इसके गवाह आप सब लोग है. लेकिन अब मुझे उस बात पर यकीन हो रहा है.
पंजाब और गोवा में बीजेपी की हार पर उन्होंने कहा की लोगो को ग़लतफ़हमी में रखने के लिए ऐसा किया गया क्योकि अगर वो इन राज्यों में भी ऐसा ही करते तो उनकी पोल खुल जाती. मायावती ने लोकसभा चुनावो का जिक्र करते हुए कहा की उस समय भी ऐसी ही खबरे आई थी लेकिन तब सभी ने इसे नजरंदाज कर दिया था. और अगर मोदी जी और अमित शाह को लगता है की उनको इतने वोट मिलते है तो मैं उन्हें चुनौती देती हूँ की चुनाव आयोग जाकर इन परिणामो को ख़ारिज करने के लिए कहे और दोबारा बैलेट पेपर से चुनाव कराने की अपील करे.
मायावती ने बताया की हमने इस बारे में चुनाव आयोग को पत्र भी लिखा है. क्योकि अगर ऐसा हुआ है तो यह लोकतंत्र के लिए गंभीर मसला है. फिर तो 2019 के लोकसभा चुनावो में विपक्षी पार्टियों को चुनाव ही लड़ना नही चाहिए. सब जानते है की अमेरिका में भी मशीन से वोट डालने की व्यवस्था शुरू की गयी थी लेकिन गड़बड़ी मिलने के बाद वहां दोबारा बैलेट से मतदान किया जाने लगा. मैं इस मामले की जांच किसी विदेशी एजेंसी से कराने की मांग करती हूँ.