रोहिंग्या मुसलमानों को लेकर भारत के रुख में आई नरमी




भारत ने कहा है कि राख़ीन प्रांत में रोहिंग्या मुसलमानों की घर वापसी से ही म्यांमार में जारी हिंसा पर कंट्रोल किया जा सकता है।
भारत की विदेशमंत्री सुषमा स्वराज ने अपनी बांग्लादेश यात्रा के दौरान कहा है कि भारत, म्यांमार के राख़ीन प्रांत में जारी हिंसा से चिंतित है। उन्होंने कहा कि भारत चाहता है कि रोहंगिया शरणार्थियों को उनके अपने देश वापस जाने का मौक़ा दिया जाए।
भारतीय विदेशमंत्री ने कहा कि यह स्पष्ट है कि जब तक रोहंगिया मुसलमान अपने घरों को नहीं लौटते, राख़ीन प्रांत की स्थिति सामान्य नहीं होगी। उन्होंने कहा कि राख़ीन प्रांत में सामाजिक और आर्थिक स्थितियों में सुधार से ही इस राज्य के बुनियादी ढांचे को मज़बूत बनाया जा सकता है।
सुषमा स्वराज ने कहा कि यदि विश्व जनमत राख़ीन प्रांत में शांति बहाली करवा दे तो राख़ीन प्रांत में रहने वाले सभी नागरिकों सहित म्यांमार वासियों को इसका लाभ पहुंचेगा।
उल्लेखनीय है कि पिछले दो महीनों से म्यांमार के राख़ीन प्रांत में चरमपंथी बौद्ध इस देश की सेना के साथ मिलकर रोहनिया मुसलमानों का नरसंहार कर रहे हैं जिसके कारण लाखों रोहिंग्या मुसलमान अपनी जान बचाकर बांग्लादेश और आसपास के देशों में शरण लेने के लिए मजबूर हुए हैं। 


No comments

Need a News Portal, with all feature... Whatsapp me @ +91-9990089080
Powered by Blogger.